कोरिया STO मार्केट: वो आखिरी 24 घंटे, जब ‘इनोवेशन’ का असली चेहरा दुनिया के सामने आएगा।

Korea STO: आज होगा सबसे बड़ा फैसला! आईडिया चोरी का आरोप और अरबों की जंग – कौन जीतेगा लाइसेंस?

दक्षिण कोरिया के स्टार्टअप जगत में आज का दिन ‘कयामत की रात’ से कम नहीं है। इनोवेशन और पॉलिसी की टक्कर में आज यह तय होगा कि कोरिया के डिजिटल फाइनेंस का भविष्य कौन लिखेगा। दक्षिण कोरिया का Financial Services Commission (FSC) आज, 14 जनवरी को उस फैसले पर मुहर लगाने जा रहा है, जिसका इंतज़ार पूरा बाजार सांसें थाम कर रहा है।

मुद्दा सिर्फ तकनीक का नहीं है, बल्कि कोरिया के पहले रेगुलेटेड STO (टोकनवाइज्ड सिक्योरिटीज) OTC ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म पर किसका राज होगा, यह तय होने वाला है।

स्टार्टअप का आरोप: "धोखे से चुराया हमारा आईडिया"

इस पूरी जंग के केंद्र में एक बड़ा विवाद है। Lucentblock (रियल एस्टेट टोकनाइजेशन स्टार्टअप) ने NXT कंसोर्टियम पर सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि NXT ने NDA (Non-Disclosure Agreement) के तहत मिली गोपनीय जानकारी का गलत इस्तेमाल करके उनका बिजनेस मॉडल चुरा लिया और अपना खुद का कंसोर्टियम खड़ा कर दिया।

Lucentblock के CEO हियो से-यंग का कहना है, "हमने जोखिम उठाया और साबित किया कि यह मॉडल काम करता है, लेकिन अब जब मलाई खाने का वक्त आया, तो बड़ी संस्थाएं हमें बाहर कर रही हैं।"

Musicow का पलटवार: "हमारे पास अनुभव है, चोरी की जरूरत नहीं"

दूसरी तरफ, Musicow (जो NXT का हिस्सा है) ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। दुनिया के पहले म्यूजिक सिक्योरिटीज प्लेटफॉर्म के रूप में, Musicow के पास कोरिया के 98% आंशिक निवेश (fractional investment) का मार्केट शेयर है।

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Musicow ने चेतावनी दी है कि इस विवाद के कारण अगर लाइसेंस में देरी हुई, तो पूरे उद्योग को भारी नुकसान होगा। उनका तर्क है कि यह लड़ाई ‘एक स्टार्टअप बनाम सिस्टम’ की नहीं है, बल्कि मार्केट की स्थिरता की है। NXT के साथ Musicow, Sejong DX और Stockeeper जैसी बड़ी कंपनियां जुड़ी हैं, जो इसे मजबूत बनाती हैं।

आज क्या होगा?

FSC की मेज पर आज दो बड़े नाम हैं: NXT कंसोर्टियम और Korea Exchange–Koscom (KDX)। अगर आज इन्हें मंजूरी मिलती है, तो यह साफ हो जाएगा कि कोरिया सरकार ‘जोखिम लेने वाले स्टार्टअप्स’ के बजाय ‘सुरक्षित और स्थापित संस्थाओं’ को तरजीह दे रही है।

यह फैसला सिर्फ एक लाइसेंस का नहीं है; यह तय करेगा कि क्या कोरिया में इनोवेशन का मतलब नई सोच है या फिर पुरानी सत्ता का नया रूप। पूरी दुनिया की नजरें आज सियोल पर टिकी हैं।

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