महंगाई का ‘साइलेंट’ अटैक! दिसंबर के आंकड़ों ने सबको चौंकाया, क्या ट्रम्प की ‘बूम’ की हवा निकल रही है?
Mahangai Alert: क्या आप मान रहे थे कि महंगाई कम हो रही है? तो संभल जाइए! दिसंबर के नए आंकड़ों ने अर्थशास्त्रियों और बाज़ार, दोनों को बड़ा झटका (Shock) दिया है। अमेरिकी अर्थव्यवस्था में थोक महंगाई (Wholesale Inflation) में अचानक उछाल आया है, जो सीधे आपकी जेब पर असर डाल सकता है।
क्या कहते हैं डराने वाले आंकड़े?
ब्यूरो ऑफ लेबर स्टैटिस्टिक्स (BLS) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, दिसंबर में Producer Price Index (PPI) में 0.5% की अप्रत्याशित बढ़ोतरी हुई है। यह पिछले तीन महीनों में सबसे तेज रफ़्तार है। सबसे ज्यादा मार सर्विस सेक्टर पर पड़ी है, जहां कीमतें 0.7% बढ़ी हैं। JPMorgan का साफ़ कहना है कि कंपनियां अब ‘टैरिफ’ (Tariffs) का बढ़ा हुआ खर्चा सीधे ग्राहकों से वसूल रही हैं।
सस्ती हुई ये चीजें, फिर भी खतरा बरकरार
हालांकि, डीजल के दामों में 14.6% की भारी गिरावट और खाने-पीने की चीजों के दाम स्थिर रहने से थोड़ी राहत मिली है। लेकिन अगर फूड और एनर्जी को हटा दें, तो Core Inflation अभी भी बढ़ रहा है। इसका मतलब है कि महंगाई की जड़ें अभी भी गहरी हैं।
ट्रम्प बनाम फेडरल रिजर्व: किसकी चलेगी?
एक तरफ राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प "इकोनॉमिक बूम" का दावा कर रहे हैं और लोन की ब्याज दरें (Interest Rates) घटाने का दबाव बना रहे हैं। दूसरी तरफ, बढ़ती महंगाई को देखते हुए फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) ने झुकने से मना कर दिया है और ब्याज दरों को स्थिर रखा है।
निष्कर्ष: आम जनता के लिए संकेत साफ है— महंगाई अभी पीछा नहीं छोड़ने वाली। टैरिफ और सर्विस चार्ज का बढ़ता बोझ बता रहा है कि आने वाले दिनों में घर का बजट बिगड़ सकता है। सावधान रहें और अपने खर्चों पर नज़र रखें!