2000 NBA Finals: Pacers को Kobe Bryant का नहीं, बल्कि इस ‘तीसरे’ खिलाड़ी का था खौफ! Reggie Miller का चौंकाने वाला खुलासा
क्या आप भी यही मानते हैं कि 2000s की लॉस एंजिल्स लेकर्स (Lakers) का मतलब सिर्फ Shaquille O’Neal और Kobe Bryant की जोड़ी था? इतिहास के पन्नों में अक्सर यही दो नाम चमकते हैं, लेकिन उस दौर की सच्चाई कुछ और ही थी। Pacers के दिग्गज Reggie Miller ने हाल ही में एक ऐसा खुलासा किया है जो हर NBA फैन को चौंका देगा।
Shaq के साथ एक पॉडकास्ट पर बात करते हुए, मिलर ने 2000 NBA Finals की अपनी रणनीति का सच बताया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा, "हम Kobe को लेकर बिलकुल भी चिंतित नहीं थे।"
जी हाँ, आपने सही पढ़ा! मिलर के अनुसार, उस समय कोबे ब्रायंट बहुत युवा थे (सिर्फ 21 साल के) और टीम का फोकस उन पर नहीं था। Pacers जिस खिलाड़ी से डर रहे थे, वह Shaq के अलावा कोई और नहीं बल्कि Glen Rice थे।
मिलर ने बताया, "हमारा ध्यान दो लोगों पर था: सबसे पहले Shaq, और दूसरे Glen Rice। कोबे उस समय एक उभरते हुए सितारे थे, लेकिन Glen Rice एक अनुभवी ‘Dawg’ थे और शूट करना जानते थे।"
हालांकि, Pacers की यह रणनीति उन पर ही भारी पड़ गई। Shaq ने उस सीरीज में 38.7 पॉइंट्स की औसत से तबाही मचा दी और अपना पहला Finals MVP जीता। दिलचस्प बात यह है कि Pacers का Glen Rice से डरना भी सही साबित हुआ, क्योंकि Rice ने उस सीरीज में 63% की अद्भुत शूटिंग के साथ 3-पॉइंटर्स की बारिश कर दी थी।
भले ही आज दुनिया Kobe Bryant को बास्केटबॉल का भगवान मानती है, लेकिन 2000 में विरोधी टीमें उस ‘तीसरे’ खिलाड़ी (Glen Rice) को ज्यादा बड़ा खतरा मानती थीं। यह किस्सा साबित करता है कि Lakers की उस पहली चैंपियनशिप जीत में Glen Rice का योगदान कितना महत्वपूर्ण था, जिसे आज अक्सर भुला दिया जाता है।